West Bengal News: लगातार हो रही सड़क दुर्घटनाएं एक बार फिर प्रशासन और आम लोगों के लिए चिंता का विषय बन गई हैं. तेज गति, नशे में ड्राइविंग और नियमों की अनदेखी के कारण जानलेवा हादसे सामने आ रहे हैं. पश्चिम बंगाल के पूर्वी मेदिनीपुर और कोलकाता में हुई दो अलग-अलग घटनाओं ने सड़क सुरक्षा पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं.
ड्यूटी पर तैनात सिविक स्वयंसेवक की मौत
दोपहर करीब 2 बजे पूर्वी मेदिनीपुर जिले के कोलाघाट थाना क्षेत्र के हल्दिया मोड़ पर एक दर्दनाक हादसा हुआ. सड़क पर ड्यूटी कर रहे सिविक स्वयंसेवक सुदीप चक्रवर्ती को एक बेकाबू कार ने जोरदार टक्कर मार दी. टक्कर इतनी तेज थी कि सुदीप गंभीर रूप से घायल हो गए. उन्हें तुरंत तमलुक जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया.
पुलिस जांच में सामने आया कि कार चला रहा व्यक्ति सुब्रत मैती स्थानीय निवासी है और वह नशे की हालत में गाड़ी चला रहा था. पुलिस को देखते ही आरोपी घबरा गया और भागने की कोशिश करने लगा. इसी दौरान उसने तेज रफ्तार में कार दौड़ाई और सिविक स्वयंसेवक को टक्कर मार दी. पुलिस ने आरोपी को मौके से ही गिरफ्तार कर लिया.
बैग से बरामद हुए नकली नोट
पूर्वी मेदिनीपुर के प्रभारी पुलिस अधीक्षक मिथुन दे ने बताया कि आरोपी के बैग से 500 रुपये के कई नकली नोट बरामद किए गए हैं. पुलिस का कहना है कि सिविक पुलिस को देखकर आरोपी ने नकली नोटों से भरा बैग फेंक दिया था, लेकिन बाद में उसे जब्त कर लिया गया. अब आरोपी पर सड़क दुर्घटना के साथ-साथ जाली नोट रखने का भी मामला दर्ज किया गया है.
विक्टोरिया मेमोरियल के पास भीषण दुर्घटना
दूसरी ओर, कोलकाता के रेड रोड पर विक्टोरिया मेमोरियल के पास एक लक्जरी कार दुर्घटनाग्रस्त हो गई. तेज रफ्तार में चल रही कार ने पहले एक लैंपपोस्ट और फिर एक पेड़ को टक्कर मार दी. हादसे में कार सवार पिता-पुत्र गंभीर रूप से घायल हो गए. इसके अलावा सड़क किनारे काम कर रहे एक सफाई कर्मचारी को भी चोटें आई हैं.
दुर्घटना के बाद कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई. खिड़कियों के शीशे टूट गए, एयरबैग खुल गए और कार का पिछला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया. जिस लैंपपोस्ट से टक्कर हुई, वह भी ऊपर से टूट गया. बताया जा रहा है कि कार महज 1 साल 4 महीने पुरानी थी और महाराष्ट्र नंबर की थी. प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि कार की गति तय सीमा 50 किमी प्रति घंटे से कहीं अधिक थी. पुलिस यह जांच कर रही है कि ड्राइवर को नींद आ गई थी या कार में कोई तकनीकी खराबी थी.


