West Bengal News: पश्चिम बंगाल में चुनावी माहौल के बीच बांकुड़ा जिले से एक गंभीर और चौंकाने वाली घटना सामने आई है. ओंदा थाना क्षेत्र के नकाईजुड़ी ग्राम पंचायत के नंदनपुर गांव में बीजेपी नेता तापस बारिक के घर को गहरी रात में आग लगाने की कोशिश का आरोप लगा है. आरोप है कि जब पूरा परिवार सो रहा था, तभी बाहर से दरवाजे पर जंजीर लगाकर घर में पेट्रोल छिड़क कर आग लगा दी गई. पड़ोसियों की तत्परता से परिवार की जान बच गई, लेकिन घर पूरी तरह जलकर राख हो गया.
तापस बारिक नंदनपुर गांव के बीजेपी शक्ति प्रमुख हैं और पार्टी के सोशल मीडिया सेल से भी जुड़े हुए हैं. बुधवार को वे एक पार्टी कार्यकर्ता सम्मेलन में शामिल होकर देर रात घर लौटे थे. उनके घर से करीब 150 मीटर दूर उनकी दवा की दुकान भी है, जहां वे अक्सर रात में रुकते हैं.
पहले दुकान में तोड़फोड़, फिर घर पर हमला
बीजेपी का आरोप है कि बदमाशों ने पहले तापस बारिक की दवा की दुकान में तोड़फोड़ और लूटपाट की. जब वे वहां नहीं मिले, तो हमलावर उनके घर पहुंच गए. आरोप है कि बाहर से दरवाजे पर जंजीर लगाकर घर में पेट्रोल डालकर आग लगा दी गई, ताकि परिवार बाहर न निकल सके.
तापस बारिक ने बताया कि रात में पेट्रोल की तेज गंध आने लगी और घर में आग फैलने लगी. परिवार ने जोर-जोर से चिल्लाना शुरू किया. पास में रहने वाले एक पड़ोसी ने आवाज सुनकर दौड़कर दरवाजे की जंजीर खोली, जिससे सभी लोग बाहर निकल सके. उन्होंने कहा कि अगर थोड़ी भी देर हो जाती, तो बड़ा हादसा हो सकता था.
तृणमूल पर गंभीर आरोप
तापस बारिक ने इस घटना के पीछे तृणमूल कांग्रेस के लोगों की साजिश का आरोप लगाया है. उनका कहना है कि बीजेपी करने की वजह से उन्हें और उनके परिवार को निशाना बनाया गया. उन्होंने इसे सुनियोजित हत्या का प्रयास बताया है.
ओंदा के बीजेपी विधायक अमरनाथ शाखा ने घटना की कड़ी निंदा की है. उन्होंने कहा कि इलाके में कई जगह सीसीटीवी कैमरे लगे हैं और पुलिस को तुरंत जांच कर दोषियों को गिरफ्तार करना चाहिए. विधायक ने चेतावनी दी कि अगर जल्द कार्रवाई नहीं हुई, तो बीजेपी बड़ा आंदोलन करेगी.
तृणमूल का पलटवार
वहीं तृणमूल कांग्रेस ने इन आरोपों को खारिज किया है. ओंदा पंचायत समिति के अध्यक्ष और तृणमूल नेता अभिस्वरूप खां ने कहा कि बीजेपी की आदत बन गई है कि हर घटना के लिए तृणमूल को दोष दे. उनका दावा है कि ओंदा इलाके में बीजेपी के अंदर गुटबाजी चल रही है और यह घटना आंतरिक कलह का नतीजा भी हो सकती है.
घटना के बाद तापस बारिक ने नकाईजुड़ी थाने में हत्या के प्रयास की शिकायत दर्ज कराई है. बीजेपी कार्यकर्ताओं ने थाने के सामने विरोध प्रदर्शन भी किया. पुलिस का कहना है कि पूरे मामले की जांच की जा रही है और सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर कार्रवाई होगी. यह घटना ऐसे समय पर हुई है, जब राज्य में विधानसभा चुनाव नजदीक हैं. इससे पहले भी राजनीतिक हिंसा के कई आरोप सामने आ चुके हैं.


