गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर केंद्रीय गृह मंत्रालय ने रविवार को पद्म पुरस्कारों के विजेताओं की घोषणा की. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पद्म पुरस्कार विजेताओं को बधाई दी. उन्होंने कहा कि अलग-अलग क्षेत्रों में उनकी काबिलियत, लगन और सेवा हमारे समाज को और बेहतर बनाती है.
प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर पोस्ट कर कहा कि हमारे देश के लिए उनके बेहतरीन योगदान के लिए सभी पद्म पुरस्कार विजेताओं को बधाई. अलग-अलग क्षेत्रों में उनकी काबिलियत, लगन और सेवा हमारे समाज को और बेहतर बनाती है. यह सम्मान उस कमिटमेंट और काबिलियत की भावना को दिखाता है जो पीढ़ियों को प्रेरित करती रहती है.
Congratulations to all the Padma Awardees for their outstanding contributions to our nation. Their excellence, dedication and service across diverse fields enrich the fabric of our society. The honour reflects the spirit of commitment and excellence that continues to inspire… https://t.co/Bpf8eze4Bp
— Narendra Modi (@narendramodi) January 25, 2026
केंद्रीय राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने X पर पोस्ट कर कहा कि भिन्न-भिन्न क्षेत्रों में प्रमुख योगदान निभा कर देश और राष्ट्र की प्रतिष्ठा एवं सम्मान को बढ़ाने के लिए काम करने वाले महानुभावों को पद्मा पुरस्कारों से सम्मानित होने के लिए उनका अभिवादन एवं बधाई.
131 लोगों को मिला पद्म पुरस्कार
केंद्रीय गृह मंत्रालय के अनुसार, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने साल 2026 के लिए कुल 131 पद्म पुरस्कार विजेताओं के नामों को मंजूरी दी, जिसमें 5 हस्तियों को पद्म विभूषण, 13 को पद्म भूषण और 113 को पद्म श्री पुरस्कार मिले. पुरस्कार पाने वालों में से 19 महिलाएं भी शामिल हैं. पद्म पुरस्कारों की लिस्ट में विदेशी, एनआरआई, पीआईओ और ओसीआई श्रेणी के 6 व्यक्ति और 16 मरणोपरांत पुरस्कार पाने वाले भी शामिल हैं.
धर्मेंद्र और शिबू सोरेन को मरणोपरांत मिला सम्मान
पद्म विभूषण की लिस्ट में धर्मेंद्र सिंह देओल (मरणोपरांत), केटी थॉमस, एन राजम, पी नारायणन और वीएस अच्युतानंदन (मरणोपरांत) के नाम हैं, जबकि अलका याग्निक, भगत सिंह कोश्यारी, कल्लीपट्टी रामासामी पलानीस्वामी, ममूटी, डॉ. नोरी दत्तात्रेयुडु, विजय अमृतराज, पीयूष पांडे (मरणोपरांत), एसकेएम मैइलानंदन, शतावधानी आर गणेश, पूर्व सीएम शिबू सोरेन (मरणोपरांत), उदय कोटक, वीके मल्होत्रा (मरणोपरांत) और वेल्लापल्ली नटेसन को पद्म भूषण पुरस्कार से सम्मानित किया गया.


