भारत AI इम्पैक्ट समिट 2026 के दौरान भारत मंडपम में हुए शर्टलेस प्रदर्शन की जांच में दिल्ली पुलिस ने इसे साजिश करार दिया है. ACP देवेश कुमार महला ने कहा है कि प्रदर्शनकारी पहले से QR कोड बनाकर तैयार होकर आए थे और टी-शर्ट को स्वेटर-जैकेट के नीचे छुपाकर अंदर घुसे थे.
ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कराकर QR कोड हासिल किया
ACP महला ने मीडिया को बताया, ‘ये लोग ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कराकर QR कोड हासिल कर चुके थे. उन्होंने QR कोड स्कैन करके एंट्री ली. स्वेटर और जैकेट पहने हुए थे, जिससे बाहर से कुछ पता नहीं चल रहा था. हॉल नंबर 5 की लॉबी में पहुंचकर उन्होंने स्वेटर और शर्ट उतार दिए, टी-शर्ट को लहराकर प्रदर्शन किया और नारे लगाए.’
ACP महला ने आगे कहा, ‘चार लोगों को हिरासत में लिया गया है. बाकी की पहचान की जा रही है. हम स्ट्रांग लीगल एक्शन लेंगे.’ महला ने जोर देकर कहा कि अगर कुछ लोग एक साथ इकट्ठे होकर ऐसी हरकत करते हैं तो ये प्री-प्लानिंग के बिना संभव नहीं है. पुलिस इस एंगल से पूरी जांच कर रही है कि ये प्रदर्शन कैसे प्लान हुआ और इसमें कितने लोग शामिल थे.
डेलिगेट्स और गेस्ट्स में मच गई अफरा-तफरी
यह घटना दोपहर करीब 12:30 बजे हुई, जब IYC के कार्यकर्ता एग्जिबिशन हॉल नंबर 5 में पहुंचे. उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भारत-अमेरिका ट्रेड डील के खिलाफ टी-शर्ट पर लिखे स्लोगन दिखाए, जैसे ‘इंडिया-US ट्रेड डील’, ‘एपस्टीन फाइल्स’ और ‘PM इज कंप्रोमाइज्ड’. प्रदर्शनकारियों ने शर्ट उतारकर हंगामा किया, जिससे वहां मौजूद डेलिगेट्स और गेस्ट्स में अफरा-तफरी मच गई.
पुलिस ने तुरंत प्रदर्शनकारियों को बाहर निकाला और हिरासत में ले लिया. शुरुआती रिपोर्ट्स में 4 से 10 लोगों के डिटेन होने की बात कही गई है. दिल्ली पुलिस ने कहा कि प्रदर्शनकारियों की टी-शर्ट आपत्तिजनक थीं, इसलिए उनके खिलाफ उचित कानूनी कार्रवाई शुरू की गई है. FIR दर्ज की जा चुकी है और जांच जारी है.


