असम कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष भूपेन बोरा ने रविवार (22 फरवरी 2026) को भारतीय जनता पार्टी (BJP) का दामन थाम लिया. उन्होंने राज्य में होने वाले आगामी विधानसभा चुनावों से पहले कुछ दिन पहले ही कांग्रेस से इस्तीफा दे दिया था. उनके साथ कांग्रेस के पूर्व कार्यकर्ता संजू बोरा ने भी पार्टी बदलकर बीजेपी की सदस्यता ले ली.
ANI के मुताबिक भूपेन बोरा ने इस सप्ताह की शुरुआत में कांग्रेस से इस्तीफा दिया था, हालांकि पार्टी आलाकमान ने उनका इस्तीफा स्वीकार नहीं किया था. कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने उन्हें मनाने की कोशिश की और उनके आवास पर मुलाकात भी की. राहुल गांधी ने भी उनसे बातचीत की थी. बोरा ने अपने फैसले पर पुनर्विचार के लिए समय मांगा था, लेकिन एक दिन बाद असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा उनके घर पहुंचे और घोषणा की कि वह 22 फरवरी को औपचारिक रूप से बीजेपी में शामिल होंगे.
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात के बाद भूपेन बोरा ने सोशल मीडिया पर लिखा, ’32 साल बनाम 32 घंटे — फर्क साफ दिखाई देता है.’ उनके इस बयान को कांग्रेस और बीजेपी के साथ उनके अनुभवों की तुलना के रूप में देखा जा रहा है.
#WATCH | Guwahati | On Former Assam Congress chief Bhupen Kumar Borah joining the BJP, Assam CM Himanta Biswa Sarma says, “…Bhupen Kumar Borah contributed a lot in the Congress party. He served in the Congress party for 33 years. From today, he will start a new political… pic.twitter.com/LDDh349rat
— ANI (@ANI) February 22, 2026
गौरव गोगोई का रिएक्शन
मामले पर असम प्रदेश कांग्रेस कमेटी (PCC) के अध्यक्ष गौरव गोगोई ने कहा कि बोरा के जाने से पार्टी की संभावनाओं पर कोई असर नहीं पड़ेगा. उन्होंने कहा, ‘कांग्रेस एक महासागर की तरह है; हम सब उसमें सिर्फ पानी की बूंदें हैं. कांग्रेस हमारे पिता और पूर्वजों के जन्म से पहले भी थी. भूपेन बोरा के जाने से विधानसभा चुनावों में हमारी संभावनाओं पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा.’ असम में इस साल के अंत में विधानसभा चुनाव होने हैं. मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा के नेतृत्व में बीजेपी सत्ता बरकरार रखने की कोशिश में है, जबकि कांग्रेस एक बार फिर मजबूत चुनौती देने की तैयारी कर रही है.


